टिहरी व गजा में कांग्रेस का प्रदर्शन, जंतर-मंतर घटना के विरोध में राष्ट्रपति के नाम भेजा ज्ञापन
बेरोजगार युवाओं पर कथित लाठीचार्ज और भर्ती परीक्षा अनियमितताओं को लेकर नई टिहरी व गजा में कांग्रेस का धरना-प्रदर्शन, निष्पक्ष जांच और परीक्षा प्रणाली में सुधार की उठाई मांग
नई टिहरी/गजा | 22 जुलाई 2026 | सरहद का साक्षी डिजिटल मीडिया
नई दिल्ली के जंतर-मंतर पर बेरोजगार युवाओं एवं छात्र-छात्राओं के प्रदर्शन के दौरान कथित लाठीचार्ज और बल प्रयोग के विरोध में जिला कांग्रेस कमेटी टिहरी गढ़वाल के नेतृत्व में बुधवार को जिलाधिकारी कार्यालय, नई टिहरी में धरना-प्रदर्शन किया गया। प्रदर्शन के बाद कांग्रेस प्रतिनिधिमंडल ने महामहिम राष्ट्रपति के नाम जिलाधिकारी टिहरी गढ़वाल के माध्यम से ज्ञापन प्रेषित कर घटना की निष्पक्ष जांच, जिम्मेदार अधिकारियों के विरुद्ध कार्रवाई तथा परीक्षा एवं भर्ती प्रणाली में व्यापक सुधार की मांग की।
कांग्रेस ने लगाए केंद्र सरकार पर गंभीर आरोप
धरना-प्रदर्शन के दौरान कांग्रेस नेताओं एवं कार्यकर्ताओं ने केंद्र सरकार के विरुद्ध नारेबाजी करते हुए आरोप लगाया कि देश का युवा रोजगार, निष्पक्ष भर्ती और पारदर्शी परीक्षा प्रणाली की मांग कर रहा है, लेकिन उसकी आवाज सुनने के बजाय उसे दबाने का प्रयास किया जा रहा है।
ज्ञापन में कांग्रेस ने कहा कि 21 जुलाई 2026 को नई दिल्ली के जंतर-मंतर पर हजारों बेरोजगार युवा एवं छात्र-छात्राएं नीट सहित विभिन्न प्रतियोगी परीक्षाओं में कथित प्रश्नपत्र लीक, भर्ती परीक्षाओं में अनियमितताओं एवं बढ़ती बेरोजगारी के विरोध में शांतिपूर्ण प्रदर्शन कर रहे थे। कांग्रेस का आरोप है कि उनकी मांगों पर विचार करने के बजाय प्रदर्शनकारियों पर कथित रूप से बल प्रयोग और लाठीचार्ज किया गया, जिसमें कई युवक-युवतियां घायल हुए। ज्ञापन में महिला प्रदर्शनकारियों के साथ कथित अभद्र व्यवहार का भी उल्लेख किया गया।
नेताओं ने रखे अपने विचार
धरने को संबोधित करते हुए जिला कांग्रेस कमेटी टिहरी गढ़वाल के अध्यक्ष मुरारी लाल खंडवाल एवं पूर्व जिलाध्यक्ष राकेश राणा ने केंद्र सरकार की नीतियों की आलोचना करते हुए कहा कि प्रश्नपत्र लीक और भर्ती परीक्षाओं में कथित अनियमितताओं ने लाखों युवाओं के भविष्य को प्रभावित किया है।
कांग्रेस नेताओं ने आरोप लगाया कि देश में सक्रिय कथित नकल माफिया के विरुद्ध प्रभावी कार्रवाई नहीं हो रही है, जिससे युवाओं का भविष्य संकट में पड़ रहा है।
वहीं नरेंद्र चंद्र रमोला एवं सूरज राणा ने कहा कि लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी ने छात्रों और युवाओं के मुद्दों को संसद से लेकर सड़क तक प्रमुखता से उठाया है।
प्रदेश कांग्रेस सचिव सैयद मुशर्रफ अली एवं महिला कांग्रेस जिलाध्यक्ष आशा रावत ने कहा कि लोकतांत्रिक अधिकारों की रक्षा के लिए कांग्रेस का संघर्ष जारी रहेगा।
राष्ट्रपति के नाम ज्ञापन में प्रमुख मांगें
कांग्रेस द्वारा राष्ट्रपति के नाम भेजे गए ज्ञापन में निम्न मांगें की गईं—
- जंतर-मंतर की घटना की उच्चस्तरीय एवं निष्पक्ष न्यायिक जांच।
- कथित बल प्रयोग एवं लाठीचार्ज के लिए जिम्मेदार अधिकारियों के विरुद्ध कार्रवाई।
- प्रश्नपत्र लीक एवं भर्ती घोटालों की निष्पक्ष जांच।
- दोषियों को शीघ्र एवं कठोर दंड।
- परीक्षा एवं भर्ती प्रणाली को पूरी तरह पारदर्शी, सुरक्षित एवं तकनीकी रूप से सुदृढ़ बनाया जाए।
- शांतिपूर्ण विरोध-प्रदर्शन करने वाले नागरिकों की सुरक्षा सुनिश्चित की जाए।
ज्ञापन में यह भी अपेक्षा व्यक्त की गई कि राष्ट्रपति लोकतांत्रिक मूल्यों एवं युवाओं के हितों की रक्षा के लिए आवश्यक कदम उठाने हेतु केंद्र सरकार को निर्देशित करें।
गजा बाजार में भी कांग्रेस का विरोध प्रदर्शन
उधर गजा बाजार में भी कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने जंतर-मंतर की घटना के विरोध में प्रदर्शन किया।
जिला उपाध्यक्ष टंखी सिंह नेगी, जिला सचिव बिरेंद्र सिंह चौहान तथा गजा नगर अध्यक्ष राजेंद्र सिंह चौहान के नेतृत्व में कार्यकर्ताओं ने केंद्र सरकार के विरुद्ध नारेबाजी की।
टंखी सिंह नेगी ने कहा कि प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष गणेश गोदियाल के आह्वान पर पूरे उत्तराखंड में धरना-प्रदर्शन आयोजित किए जा रहे हैं और केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग की जा रही है। उन्होंने आरोप लगाया कि प्रश्नपत्र लीक की घटनाओं से लाखों छात्र-छात्राओं का भविष्य प्रभावित हो रहा है।
बड़ी संख्या में कांग्रेस कार्यकर्ता रहे मौजूद
इस अवसर पर मुरारी लाल खंडवाल, राकेश राणा, सूरज राणा, नरेंद्र चंद रमोला, शोभन सिंह नेगी, सैयद मुशर्रफ अली, कुलदीप पंवार, देवेंद्र नौटियाल, मुर्तजा बेग, नवीन सेमवाल, गबर सिंह, मान सिंह रौतेला, विजय गुनसोला, विजय पाल रावत, विजेंद्र नेगी, रोशन नौटियाल, दिलशाद शेख, इमरान खान, महिला कांग्रेस जिलाध्यक्ष आशा रावत, सीमा कृसाली, दर्शनी रावत, ममता उनियाल, अनीता रावत, अनीता साह, साहब सिंह सजवाण, ज्ञान सिंह रावत सहित बड़ी संख्या में कांग्रेस पदाधिकारी एवं कार्यकर्ता उपस्थित रहे।
संपादकीय टिप्पणी: इस समाचार में जंतर-मंतर की घटना, कथित लाठीचार्ज और अन्य आरोप कांग्रेस द्वारा ज्ञापन एवं वक्तव्यों में लगाए गए दावों के रूप में प्रस्तुत किए गए हैं।
