टिहरी में प्रभावित परिवारों के विस्थापन की समीक्षा, तीन नोटिस के बाद भी जवाब नहीं देने वाले परिवार प्रक्रिया से होंगे बाहर
डीएम नितिका खण्डेलवाल ने घनसाली और प्रतापनगर तहसील के मामलों की समीक्षा की, बेलुंदा गांव में विस्थापन के लिए भूमि की उपयुक्तता पर मांगी विस्तृत रिपोर्ट
टिहरी गढ़वाल, 05 नवम्बर 2026। जनपद के आपदा एवं अन्य कारणों से प्रभावित परिवारों के विस्थापन की प्रक्रिया को लेकर जिलाधिकारी नितिका खण्डेलवाल ने संबंधित अधिकारियों के साथ समीक्षा बैठक की। बैठक में तहसील घनसाली और प्रतापनगर के प्रभावित गांवों के परिवारों के विस्थापन, मुआवजा भुगतान और लंबित पत्रावलियों की स्थिति पर विस्तार से चर्चा की गई।
बैठक में मेदू सिंदवाल गांव के प्रभावित परिवारों की स्थिति की जानकारी देते हुए बताया गया कि गांव के कुल 25 प्रभावित परिवारों में से 19 परिवारों को विस्थापन की प्रथम किश्त का भुगतान किया जा चुका है। वहीं, दो परिवारों को द्वितीय किश्त की धनराशि भी दी गई है। इसके अतिरिक्त पांच परिवारों की पत्रावलियां स्वीकृति के लिए जिला कार्यालय को भेजी जा चुकी हैं।
नोटिस का जवाब नहीं देने वाले परिवारों पर कार्रवाई के निर्देश
बैठक में महरगांव तल्ला, गंगेरी उर्फ पनेली और सिंधवाल गांव के कुछ परिवारों का मामला भी सामने आया। अधिकारियों ने अवगत कराया कि संबंधित परिवारों को तीन बार नोटिस दिए जाने के बावजूद उनकी ओर से कोई जवाब प्रस्तुत नहीं किया गया है।
इस पर जिलाधिकारी ने निर्देश दिए कि निर्धारित प्रक्रिया के तहत नोटिस का जवाब नहीं देने वाले संबंधित परिवारों को विस्थापन प्रक्रिया से बाहर किया जाए।
बेलुंदा गांव में विस्थापन के लिए भूमि की होगी जांच
प्रतापनगर तहसील के बेलुंदा गांव में प्रभावित परिवारों के विस्थापन के लिए प्रस्तावित भूमि उपयुक्त नहीं पाए जाने का मामला भी बैठक में उठाया गया।
इस पर जिलाधिकारी नितिका खण्डेलवाल ने तहसीलदार को निर्देश दिए कि ग्रामीणों के साथ बैठक कर भूमि से संबंधित स्थिति, ग्रामीणों की अपेक्षाओं और अन्य आवश्यक पहलुओं की विस्तृत जानकारी जुटाई जाए। उन्होंने इस संबंध में विस्तृत रिपोर्ट प्रस्तुत करने के निर्देश भी दिए, ताकि आगे की कार्रवाई तथ्यों के आधार पर की जा सके।
अधिकारियों को समयबद्ध कार्रवाई के निर्देश
बैठक में जिलाधिकारी ने प्रभावित परिवारों के विस्थापन से जुड़े मामलों की प्रगति की समीक्षा करते हुए लंबित प्रकरणों पर नियमानुसार कार्रवाई सुनिश्चित करने पर जोर दिया।
इस अवसर पर अपर जिलाधिकारी शैलेन्द्र सिंह नेगी, उप जिलाधिकारी घनसाली मंजू राजपूत, भूवैज्ञानिक रवि नेगी, तहसीलदार हरीश जोशी सहित संबंधित अधिकारी उपस्थित रहे।

