सरहद का साक्षी,
नकोट, टिहरी गढ़वालः वैश्विक महामारी कोविड-19 के संक्रमण में आ रही गिरावट के चलते जहां कोरोना कर्फ्यू में लगातार ढील दिए जाने की प्रक्रिया जारी हैं, वहीं अब संक्रमण की संभावित तीसरी लहर के प्रति प्रशासन और अधिक सजग होकर कार्य करने लगा है।
कोरोना की दूसरी लहर का सर्वाधिक असर इस बार ग्रामीण क्षेत्रों में देखा गया। जिसमें कई लोगों की जानें चली गई और कई लोग गम्भीर रूप से अस्वस्थ रहकर कोरोना को मात दे गये। संभावित तीसरी लहर को तोड़ने के प्रयासों में अभी से प्रशासन द्वारा ग्रामीण इलाकों की तरफ ध्यान दिए जाने का भरसक प्रयास किया जा रहा है।
ग्रामीण इलाकों सजग प्रशासनिक इकाई का जिम्मा लिए राजस्व विभाग अभी से तीसरी लहर को तोड़ने की तैयारियों में जुट गया है। ग्रामीण कस्बा नकोट के दर्जनों गांवों में प्रशासनिक इकाई के सजग प्रहरी के तौर पर राजस्व उप निरीक्षक क्षेत्र नकोट/कोठी के राजस्व उप निरीक्षक सोमवारी लाल सेमवाल ने अस्वस्थता की हालत में भी दो-दो राजस्व क्षेत्रों की कमान वखूबी संभाली और अब संभावित तीसरी लहर को तोड़ने के प्रयासों में वे अभी से जुट गए हैं।
ग्रामीण इलाकों में शासन द्वारा जारी एसओपी के तहत लोगों को जागरूक करने के लिए उन्होंने आज ग्रामीण कस्बा नकोट में फरमान घुमाकर सभी व्यापारियों एवं व्यापारिक प्रतिष्ठानों में आने वाले ग्रामीणों को अनिवार्यतः मास्क का प्रयोग करने, सोशल डिस्टेन्सिंग का पालन करने सहित अनावश्यक रूप से घर से बाहर न निकलने का आग्रह किया।
कस्बे के व्यापारियों से आग्रह करते हुए उन्होंने कहा कि वे गृह मंत्रालय द्वारा जारी एसओपी के तहत ही अपने व्यापारिक प्रतिष्ठानों को संचालित करे और किसी भी ग्राहक को बिना मास्क पहने अपने प्रतिष्ठान में न आने दें, यदि कोई व्यक्ति बिना मास्क पहने प्रतिष्ठानों में आकर सामग्री की मांग करता है तो ऐसे व्यक्ति को कोई भी सामग्री उपलब्ध न कराई जाय।
उन्होंने सभी लोगों से आग्रह किया कि एसओपी के अंतर्गत ही कोई भी कदम उठायें। उन्होंने यह भी चेतावनी दी कि यदि कोई एसओपी का उल्लंघन करते हुए पाया जाता है तो उसके खिलाफ सुसंगत धाराओं के तहत कार्यवाही को उन्हें विवश होना पड़ेगा।
