पलास ग्राम पंचायत का बड़ा फैसला, शादी-समारोहों में शराब पूरी तरह प्रतिबंधित
नियम तोड़ने पर ₹11,000 जुर्माना, रात 12 बजे तक ही होंगे कार्यक्रम — “शराब नहीं संस्कार” मुहिम को मिला समर्थन
चंबा (टिहरी गढ़वाल) | 17 मार्च 2026
टिहरी गढ़वाल के चंबा ब्लॉक स्थित पलास ग्राम पंचायत में सामाजिक सुधार की दिशा में एक ऐतिहासिक निर्णय लिया गया है। ग्राम पंचायत की बैठक में सर्वसम्मति से शादी-समारोहों और अन्य सामाजिक आयोजनों में शराब के उपयोग पर पूर्ण प्रतिबंध लगाने का फैसला किया गया।
यह निर्णय ग्राम पंचायत भवन में आयोजित बैठक में ग्राम प्रधान ममता नौटियाल की अध्यक्षता में लिया गया, जिसमें बड़ी संख्या में ग्रामीणों ने भाग लिया।
युवाओं को नशे से बचाने के लिए लिया गया निर्णय
बैठक में गांव में बढ़ती सामाजिक समस्याओं और युवाओं पर नशे के दुष्प्रभावों को लेकर गंभीर चर्चा की गई। ग्रामीणों ने माना कि शराब के कारण सामाजिक वातावरण प्रभावित हो रहा है, इसलिए नई पीढ़ी को नशे से दूर रखने के लिए यह कठोर निर्णय आवश्यक था।
शादी, मुंडन और सभी सामाजिक कार्यक्रमों में शराब पूरी तरह बैन
ग्राम पंचायत द्वारा पारित प्रस्ताव के अनुसार अब गांव में —
- शादी-समारोह
- मुंडन संस्कार
- अन्य सामाजिक आयोजन
में शराब और बीयर का उपयोग पूरी तरह प्रतिबंधित रहेगा।
उल्लंघन पर ₹11,000 का सामाजिक जुर्माना
बैठक में यह भी तय किया गया कि —
- नियमों का उल्लंघन करने पर ₹11,000 का सामाजिक जुर्माना लगाया जाएगा
- कार्यक्रमों को रात 12 बजे तक ही आयोजित करने की अनुमति होगी
- बाहरी व्यक्ति द्वारा शराब पीकर गांव में उपद्रव करने पर भी कड़ी कार्रवाई की जाएगी
“शराब नहीं संस्कार” मुहिम को मिला बल
“शराब नहीं संस्कार” मुहिम के प्रणेता सुशील बहुगुणा ने इस निर्णय का स्वागत करते हुए कहा कि यदि समाज मिलकर संकल्प ले, तो नशे जैसी बुराई को जड़ से समाप्त किया जा सकता है।
उन्होंने अन्य ग्राम पंचायतों से भी अपील की कि वे इस पहल से प्रेरणा लेकर अपने क्षेत्रों में भी इस तरह के निर्णय लागू करें।
ग्राम समाज सुधार समिति का गठन
ग्राम पंचायत में सामाजिक सुधार को आगे बढ़ाने के लिए ग्राम समाज सुधार समिति का भी गठन किया गया, जिसमें —
- वीर सिंह राणा (अध्यक्ष)
- मकानी देवी (उपाध्यक्ष)
- विजयपाल सिंह (सचिव)
- कुसुम राणा (सह-सचिव)
- राजमती देवी (कोषाध्यक्ष) सहित अन्य सदस्य नियुक्त किए गए हैं।
समिति की मासिक बैठक प्रत्येक माह की 15 तारीख को आयोजित की जाएगी।
ग्रामीणों ने फैसले का किया स्वागत
ग्राम प्रधान ममता नौटियाल ने कहा कि यह निर्णय गांव के सामाजिक वातावरण को बेहतर बनाने और युवाओं को नशे से दूर रखने के उद्देश्य से लिया गया है। इस अवसर पर कुंभीबाला भट्ट, लक्ष्मी सहित बड़ी संख्या में ग्रामीण उपस्थित रहे और सभी ने इस पहल का समर्थन किया।
