तहसील दिवस प्रतापनगर: जल संस्थान, सड़क, शिक्षा, बिजली व आपदा प्रबंधन से जुड़ी शिकायतों का मौके पर निस्तारण
📌 टिहरी गढ़वाल, 02 सितंबर 2025 (SKS News)।
ब्लॉक सभागार प्रतापनगर में आयोजित तहसील दिवस की अध्यक्षता जिलाधिकारी टिहरी गढ़वाल नितिका खण्डेलवाल ने की। इस अवसर पर क्षेत्रीय विधायक विक्रम सिंह नेगी भी मौजूद रहे।
कार्यक्रम में जल संस्थान, शिक्षा, सड़क, विद्युत, वन विभाग, सिंचाई, श्रम एवं आपदा प्रबंधन से संबंधित 70 शिकायतें दर्ज की गईं, जिनमें से अधिकांश का मौके पर ही समाधान कर दिया गया।
✅ विधायक की प्रमुख मांगें
विधायक विक्रम सिंह नेगी ने इस मौके पर क्षेत्र की विभिन्न समस्याओं को रखते हुए कहा—
- हलेथ गांव के पानी टैंक में नियमित जलापूर्ति सुनिश्चित की जाए।
- कोलधार को पंपिंग पेयजल योजना से जोड़ा जाए।
- मोटना-डोबरा, रोलकोट-बसेली व मॉजाफ-भेलुनता सड़कों का डामरीकरण प्राथमिकता पर किया जाए।
- कोलधार-झिवाली मोटर मार्ग पर अधूरे कटान कार्य पूरे किए जाएं।
उन्होंने जिलाधिकारी से प्रतापनगर में इको पार्क, सेल्फी प्वाइंट, पीड़ी-खेट ट्रैक रूट विकास तथा सिविल लैंड समस्या के समाधान हेतु संयुक्त समिति गठित करने की अपेक्षा की।
✅ जिलाधिकारी के निर्देश
डीएम नितिका खण्डेलवाल ने संबंधित अधिकारियों को निर्देशित किया कि:
- सभी शिकायतों का 15 दिन के भीतर निस्तारण किया जाए।
- अटल उत्कृष्ट राजकीय इंटर कॉलेज लंबगांव का सीमांकन तत्काल किया जाए।
- भेलुन्ता-मॉजफ मोटर मार्ग के मिश्रवाण गांव में ब्रेस्टवाल निर्माण हेतु प्रस्ताव तैयार किया जाए।
- जल संस्थान को प्रतापनगर जल पंपिंग योजना से जुड़े गांवों में 15–20 सितंबर तक प्रतिदिन चेकिंग कर रिपोर्ट प्रस्तुत करने के निर्देश दिए।
✅ अन्य महत्वपूर्ण मुद्दे
- प्रतापनगर के राजमहल खेल मैदान को दुरुस्त करने हेतु बीडीओ, डीएसओ व डीपीआरओ को प्रस्ताव प्रस्तुत करने को कहा गया।
- सीएमओ को प्रतापनगर सीएचसी में एंबुलेंस सेवा उपलब्ध कराने के निर्देश मिले।
- ग्रामीण प्रतिनिधियों द्वारा रखी गई सड़क, भूस्खलन व झील प्रभावित क्षेत्रों की समस्याओं पर अधिकारियों को आवश्यक कार्रवाई करने के आदेश दिए गए.
📌 मौजूद प्रमुख व्यक्ति
तहसील दिवस में ब्लॉक प्रमुख प्रतापनगर मनीषा पंवार, डीडीओ मो. असलम, एसडीएम प्रतापनगर मंजू राजपूत, एसडीएम कीर्तिनगर सौम्य गर्ब्याल, नगर पंचायत अध्यक्ष लंबगांव, सीएमओ श्याम विजय, डीपीआरओ एम.एम. खान, बीडीओ श्रव्या गोयल, सहित कई अधिकारी और स्थानीय ग्रामीण मौजूद रहे।
