जिलाधिकारी स्वाति एस. भदौरिया के निर्देशन में संयुक्त टीम ने सभी तहसीलों में किया औचक निरीक्षण, नमूने रुद्रपुर लैब भेजे गए
नमक में मिलावट संबंधी सूचना पर मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी द्वारा संज्ञान लिए जाने के बाद राज्यभर में जांच अभियान तेज हो गया है। इसी क्रम में जिलाधिकारी टिहरी गढ़वाल स्वाति एस. भदौरिया के निर्देशन में राजस्व विभाग, पूर्ति विभाग और खाद्य संरक्षा एवं औषधि प्रशासन की संयुक्त टीम ने जनपद की सभी तहसीलों में स्थित सरकारी सस्ते गल्ले की दुकानों का औचक निरीक्षण किया।
निरीक्षण के दौरान दुकानों पर उपलब्ध आयोडाइज्ड नमक की गुणवत्ता की जांच की गई। नमक के पैकेटों की सैंपलिंग कर उन्हें परीक्षण हेतु रुद्रपुर स्थित खाद्य प्रयोगशाला भेजा गया है। अधिकारियों ने इस दौरान अन्य खाद्यान्न सामग्रियों की उपलब्धता और भंडारण व्यवस्था का भी परीक्षण किया।
जिलाधिकारी ने निर्देश दिए कि दुकानों पर रखे नमक का सही रख-रखाव और उचित हैंडलिंग सुनिश्चित की जाए। उन्होंने स्पष्ट किया कि उपभोक्ताओं तक केवल उच्च गुणवत्ता वाला नमक और खाद्यान्न ही पहुंचे। किसी भी प्रकार की अनियमितता पाए जाने पर संबंधितों पर नियमित कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
उन्होंने कहा कि प्रशासन की प्राथमिकता है कि उपभोक्ताओं को सुरक्षित, मानक और गुणवत्तापूर्ण खाद्य सामग्री उपलब्ध हो सके। इस दिशा में नियमित रूप से सघन निरीक्षण अभियान जारी रहेगा।
📰 संपादकीय
नमक में मिलावट की शिकायतों पर मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी द्वारा दिए गए निर्देशों के बाद जनपद गढ़वाल प्रशासन हरकत में आ गया है। जिलाधिकारी स्वाति एस. भदौरिया के नेतृत्व में राजस्व विभाग, पूर्ति विभाग और खाद्य सुरक्षा एवं औषधि प्रशासन की संयुक्त टीम ने जनपद की सभी तहसीलों में सरकारी सस्ते गल्ले की दुकानों पर औचक निरीक्षण किया। इस दौरान दुकानों में उपलब्ध आयोडाइज्ड नमक के पैकेटों की सैंपलिंग कर उन्हें रुद्रपुर स्थित प्रयोगशाला में जांच के लिए भेजा गया।
निरीक्षण के दौरान अधिकारियों ने न केवल नमक बल्कि अन्य खाद्यान्न सामग्रियों की गुणवत्ता, उपलब्धता और भंडारण की स्थिति का भी परीक्षण किया। जिलाधिकारी ने स्पष्ट निर्देश दिए कि उपभोक्ताओं तक केवल मानक गुणवत्ता का नमक और खाद्यान्न ही पहुँचे। किसी भी स्तर पर अनियमितता पाए जाने पर कड़ी कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी।
यह कदम प्रशासन की उस प्रतिबद्धता को दर्शाता है, जिसके तहत खाद्य आपूर्ति व्यवस्था में पारदर्शिता, गुणवत्ता और उपभोक्ता हितों की सुरक्षा सर्वोपरि मानी जा रही है। आम जनता के स्वास्थ्य और पोषण की रक्षा के लिए उठाए गए ऐसे ठोस कदम न केवल प्रशासन की जवाबदेही को रेखांकित करते हैं, बल्कि खाद्य सुरक्षा के प्रति सरकार की गंभीरता को भी उजागर करते हैं।
🛑 Disclaimer
यह समाचार सरकारी विभागों एवं प्रशासनिक सूत्रों से प्राप्त अधिकृत जानकारी पर आधारित है। नमक की गुणवत्ता संबंधी परीक्षण रिपोर्ट एवं आगे की कार्रवाई संबंधित विभागों/प्रयोगशालाओं द्वारा जारी आधिकारिक परिणामों पर निर्भर करेगी। “सरहद का साक्षी” समाचार पोर्टल तथ्यों की सटीकता सुनिश्चित करने का हर संभव प्रयास करता है, किन्तु किसी भी प्रकार की त्रुटि अथवा संशोधन की स्थिति में यह समाचार अद्यतन किया जा सकता है।
