चंबा में वीर गबर सिंह नेगी के शहादत दिवस पर श्रद्धांजलि, पूर्व सैनिकों ने दी शस्त्र सलामी
विक्टोरिया क्रॉस विजेता राइफलमैन गबर सिंह नेगी के अदम्य साहस को याद कर चंबा चौक स्मारक पर अर्पित किए गए पुष्प चक्र
टिहरी गढ़वाल/चंबा | 10 मार्च 2026।
प्रथम विश्व युद्ध के महानायक और विक्टोरिया क्रॉस विजेता राइफलमैन गबर सिंह नेगी के शहादत दिवस पर चंबा चौक स्थित गबर सिंह नेगी स्मारक पर पूर्व सैनिकों और स्थानीय नागरिकों द्वारा भावभीनी श्रद्धांजलि अर्पित की गई। इस अवसर पर उनके अद्वितीय शौर्य और बलिदान को याद करते हुए स्मारक पर पुष्प चक्र अर्पित कर शस्त्र सलामी दी गई।
कार्यक्रम के दौरान द्वितीय गढ़वाल राइफल से आए सूबेदार राजेंद्र सिंह गुसाईं और उनकी सैन्य टुकड़ी ने स्मारक स्थल पर पुष्प चक्र अर्पित करते हुए शस्त्र सलामी दी। कार्यक्रम का आयोजन पूर्व सैनिक संगठन द्वारा किया गया, जिसमें बड़ी संख्या में पूर्व सैनिकों और स्थानीय नागरिकों ने भाग लिया।
वीरता और बलिदान का प्रतीक हैं गबर सिंह नेगी
पूर्व सैनिक संगठन के संरक्षक देव सिंह पुंडीर ने कहा कि विक्टोरिया क्रॉस विजेता गबर सिंह नेगी जैसे वीर सैनिकों के कारण ही देश का सिर गर्व से ऊंचा रहता है। उन्होंने बताया कि मात्र 29 वर्ष की आयु में राइफलमैन गबर सिंह नेगी फ्रांस के न्यूव शापेल (Neuve Chapelle) युद्ध में वीरगति को प्राप्त हुए थे। उनके असाधारण साहस और वीरता के लिए उन्हें तत्कालीन ब्रिटिश शासन द्वारा विक्टोरिया क्रॉस, जो उस समय का सर्वोच्च वीरता पुरस्कार था, से सम्मानित किया गया।
पूर्व सैनिक संगठन के अध्यक्ष संजय रावत ने कहा कि गबर सिंह नेगी एक अंतरराष्ट्रीय स्तर के महान योद्धा थे, जिन पर भारतीय सेना को हमेशा गर्व रहेगा। उनका बलिदान आने वाली पीढ़ियों को देशभक्ति और साहस की प्रेरणा देता रहेगा।
दिनभर श्रद्धांजलि का दौर
सुबह से ही पूर्व सैनिकों, व्यापार मंडल, नगर पालिका चंबा और सेना के जवानों द्वारा शहीद स्मारक पर पहुंचकर वीर गबर सिंह नेगी को श्रद्धांजलि अर्पित की गई।
हालांकि हर वर्ष 21 अप्रैल (8 गते वैशाख) को उनकी जयंती के अवसर पर भव्य सलामी कार्यक्रम आयोजित किया जाता है, लेकिन उनके शहादत दिवस का महत्व भी उतना ही महत्वपूर्ण माना जाता है।
युवाओं के लिए प्रेरणा
कार्यक्रम में वक्ताओं ने कहा कि देश के लिए बलिदान देने वाले सैनिक राष्ट्र का गौरव होते हैं। उनकी शहादत से देश के युवाओं को देश सेवा और वीरता की प्रेरणा मिलती रहती है।
इस अवसर पर कृष्णा प्रसाद महंगाई, शंकर कोठारी, कैप्टन आनंद सिंह नेगी, इंद्र सिंह नेगी, कमल सिंह नेगी, कमांडेंट सब्बल सिंह पुंडीर, सूबेदार अनिल पुंडीर, ज्येष्ठ प्रमुख चंबा संजय मैठाणी, व्यापार मंडल अध्यक्ष बलवीर पुंडीर, कवि सोमवारी लाल सकलानी, धन सिंह नेगी, महावीर सकलानी सहित कई गणमान्य लोग उपस्थित रहे।
