राजकीय इंटर कॉलेज नकोट में स्वतंत्रता दिवस पर विधिक जागरूकता शिविर, विद्यार्थियों को अधिकारों और कर्तव्यों की दी जानकारी
आजादी के इतिहास, मौलिक अधिकारों, साइबर अपराध और नशे के दुष्प्रभावों पर विद्यार्थियों को किया जागरूक
नकोट, टिहरी गढ़वाल। राजकीय इंटर कॉलेज नकोट ढुंगली में स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर राष्ट्रध्वज फहराने के साथ विधिक जागरूकता एवं साक्षरता शिविर का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में विद्यार्थियों को स्वतंत्रता संग्राम के इतिहास के साथ-साथ उनके मौलिक अधिकारों, कर्तव्यों एवं विधिक सहायता से संबंधित महत्वपूर्ण जानकारी दी गई।
शिविर में जिला विधिक सेवा प्राधिकरण, नई टिहरी के पीएलवी/अधिकार मित्र स्वयंसेवी मयंक भट्ट ने छात्र-छात्राओं को आजादी के इतिहास तथा ‘आजादी का अमृत न्याय महोत्सव’ के संबंध में विस्तार से जानकारी दी। उन्होंने विद्यार्थियों को जिला विधिक सेवा प्राधिकरण की कार्यप्रणाली तथा जरूरतमंद लोगों को उपलब्ध कराई जाने वाली विधिक सहायता के बारे में भी बताया।
मयंक भट्ट ने विद्यार्थियों को उनके मौलिक अधिकारों एवं संवैधानिक कर्तव्यों के प्रति जागरूक करते हुए कहा कि एक जिम्मेदार नागरिक के रूप में अपने अधिकारों की जानकारी होना जितना आवश्यक है, उतना ही आवश्यक अपने कर्तव्यों का ईमानदारी से पालन करना भी है।
शिविर के दौरान विद्यार्थियों को नशे के दुष्प्रभावों एवं साइबर अपराधों के प्रति भी जागरूक किया गया। युवाओं को इंटरनेट एवं डिजिटल माध्यमों का सावधानीपूर्वक उपयोग करने तथा किसी भी साइबर अपराध अथवा आपात स्थिति में तत्काल उचित सहायता लेने की जानकारी दी गई। इस दौरान विभिन्न आपातकालीन सहायता नंबरों के बारे में भी विद्यार्थियों को अवगत कराया गया।
कार्यक्रम में स्वतंत्रता दिवस एवं राष्ट्र से जुड़े विषयों पर आधारित प्रश्नोत्तरी (क्विज) प्रतियोगिता का भी आयोजन किया गया, जिसमें छात्र-छात्राओं ने उत्साहपूर्वक प्रतिभाग किया।
इस अवसर पर विद्यालय की छात्राओं ने सुंदर लोक नृत्य प्रस्तुत कर कार्यक्रम में उत्तराखंड की लोक संस्कृति के रंग भी बिखेरे। विभिन्न गतिविधियों में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले प्रतिभावान विद्यार्थियों को पुरस्कृत कर उनका उत्साहवर्धन किया गया।
कार्यक्रम में विद्यालय के समस्त शिक्षक एवं शिक्षणेत्तर कर्मचारी तथा क्षेत्र के कई गणमान्य नागरिक उपस्थित रहे। कार्यक्रम ने विद्यार्थियों में राष्ट्रप्रेम, संवैधानिक जागरूकता, विधिक साक्षरता और जिम्मेदार नागरिक बनने की भावना को मजबूत करने का संदेश दिया।
