दून घाटी एक्ट 1989 को कमजोर करने से 15 लाख लोगों का जीवन प्रभावित होगा — कांग्रेस प्रवक्ता अभिनव थापर | कोडारना गांव में प्लांट लगाने की रिपोर्ट को ग्रामीणों ने बताया फर्जी
📍स्थान: देहरादून
📅 तिथि: 2 जून 2025
देहरादून के गौरांदेवी भवन स्थित उत्तराखंड पर्यावरण विभाग मुख्यालय में ग्राम कोडारना, नरेंद्रनगर के ग्रामीणों ने एक बायोमेडिकल वेस्ट प्लांट के विरोध में धरना प्रदर्शन किया। प्रदर्शनकारियों को कांग्रेस प्रवक्ता अभिनव थापर ने अपना समर्थन देते हुए सरकार पर गंभीर आरोप लगाए।
अभिनव थापर ने कहा कि,
“दून घाटी एक्ट 1989 के तहत बायोमेडिकल और खनन गतिविधियों पर पूर्ण प्रतिबंध है। फिर भी इस क्षेत्र में बायोमेडिकल प्लांट की स्वीकृति सरकार की नीयत पर सवाल खड़ा करती है। यह एक्ट यहां के 15 लाख निवासियों के जीवन की सुरक्षा के लिए है और इसे कमजोर करने की कोशिश जनविरोधी है।”
उन्होंने सरकार से इस प्लांट पर तत्काल रोक लगाने और दोषियों के विरुद्ध सख्त कार्रवाई की मांग की।
वहीं कोडारना ग्राम निवासी राधा थपलियाल ने बताया कि,
“ग्राम से मात्र 300 मीटर की दूरी पर झूठी रिपोर्टों के आधार पर प्लांट लगाया गया। 2019 में ग्राम प्रधान द्वारा दी गई अनापत्ति भी संदिग्ध है। हम सभी ग्रामीण तत्काल निष्पक्ष जांच की मांग करते हैं।”
धरने में कांग्रेस प्रवक्ता अभिनव थापर, कोडारना के पूर्व ग्राम प्रधान भगवान सिंह नेगी, ग्रामवासी करतार नेगी, राधा थपलियाल, बैसाखी देवी, अनिता देवी, उमा देवी, मुन्नी देवी सहित अनेक ग्रामीणों और मातृशक्ति ने भाग लिया।
प्रदर्शनकारियों ने स्पष्ट किया कि दून घाटी की पर्यावरणीय संवेदनशीलता के साथ खिलवाड़ किसी भी सूरत में बर्दाश्त नहीं किया जाएगा और संघर्ष जारी रहेगा।
