बौराड़ी जिला चिकित्सालय में राज्य कर्मचारी संयुक्त परिषद की गेट मीटिंग
पुरानी पेंशन, एसीपी बहाली, वेतन विसंगति व गोल्डन कार्ड पर कैशलेस सुविधा की मांग, मिनिस्ट्रीरियल फैडरेशन ने दिया समर्थन
📰 टिहरी | 22 जनवरी 2026
राज्य कर्मचारी संयुक्त परिषद उत्तराखंड की प्रांतीय कार्यकारिणी के आह्वान पर 18 सूत्रीय मांगों को लेकर चल रहे चरणबद्ध आंदोलन के तहत गुरुवार को राज्य कर्मचारी संयुक्त परिषद टिहरी गढ़वाल द्वारा जिला चिकित्सालय कार्यालय परिसर, बौराड़ी (नई टिहरी) में गेट मीटिंग आयोजित की गई।
गेट मीटिंग की अध्यक्षता जिला अध्यक्ष भगवान सिंह राणा ने की, जबकि कार्यक्रम का संचालन जिला मंत्री जयवीर सिंह रांगड़, मुख्य सलाहकार प्रेम लाल शाह एवं श्रीमती सुधा पाण्डेय (मातृ एवं शिशु कल्याण) के संयुक्त नेतृत्व में किया गया।
इस अवसर पर उत्तरांचल मिनिस्ट्रीरियल फैडरेशन टिहरी गढ़वाल के अध्यक्ष श्री पूरण सिंह राणा ने परिषद की 18 सूत्रीय मांगों को पूर्ण समर्थन देने की घोषणा की।
📌 कर्मचारियों की प्रमुख मांगें
🔹 1. आर्थिक एवं वेतन विसंगति से जुड़ी मांगें
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ACP बहाली: 10, 16 व 26 वर्ष की सेवा पर एसीपी व्यवस्था पूर्ववत लागू की जाए।
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वेतन विसंगति: विभिन्न संवर्गों की वेतन विसंगतियां दूर कर समिति की रिपोर्ट सार्वजनिक की जाए।
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मकान किराया भत्ता (HRA): राज्य कर्मचारियों को केंद्र सरकार की भांति केंद्रीय दरों पर HRA दिया जाए।
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वाहन भत्ता: संशोधित वाहन भत्ते से वंचित संवर्गों को लाभ देने का प्रस्ताव आगामी कैबिनेट बैठक में स्वीकृत किया जाए।
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वेतनवृद्धि लाभ: 30 जून व 31 दिसंबर को सेवानिवृत्त कार्मिकों को काल्पनिक वेतनवृद्धि का लाभ दिया जाए।
🔹 2. पेंशन एवं सेवानिवृत्ति लाभ
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पुरानी पेंशन योजना (OPS): राजस्थान व पंजाब की तर्ज पर NPS समाप्त कर OPS लागू की जाए।
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पेंशन राशिकरण: राशिकरण कटौती की अवधि हरियाणा व पंजाब की भांति कम की जाए।
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वर्कचार्ज कर्मी: सुप्रीम कोर्ट के निर्णयानुसार पेंशन व ग्रेच्युटी भुगतान में आ रही बाधाएं दूर की जाएं।
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8वां वेतन आयोग: केंद्र को भेजे जाने वाले सुझावों में कर्मचारी परिषद के प्रतिनिधियों को शामिल किया जाए।
🔹 3. चिकित्सा सुविधाएं (गोल्डन कार्ड)
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जन औषधि केंद्रों में दवाएं व पैथोलॉजी जांच पूर्णतः कैशलेस की जाएं।
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चिकित्सा प्रतिपूर्ति व अस्पताल भुगतान हेतु स्थायी बजट व्यवस्था की जाए।
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सेवानिवृत्त कर्मियों के चिकित्सा बिलों के भुगतान हेतु वित्त विभाग द्वारा स्पष्ट शासनादेश जारी किया जाए।
🔹 4. पदोन्नति एवं सेवा नियमावली
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पदोन्नति में शिथिलीकरण हेतु परिवीक्षा अवधि की अनिवार्यता समाप्त की जाए।
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विभाग पुनर्गठन एवं सेवा नियमावली संशोधन कर्मचारी संगठनों से संवाद कर किया जाए।
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लंबित मामलों के लिए मुख्य सचिव की अध्यक्षता में विशेष बैठक आयोजित की जाए।
🔹 5. अन्य महत्वपूर्ण मांगें
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निगमों, निकायों, विश्वविद्यालयों व अशासकीय विद्यालयों के कार्मिकों को भी राज्य कर्मचारियों के समान सुविधाएं दी जाएं।
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वर्दीधारी संवर्गों को पुलिस कर्मियों के समान सुविधाएं प्रदान की जाएं।
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आउटसोर्सिंग कार्मिकों की सेवा सुरक्षा (Job Security) सुनिश्चित की जाए।
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मान्यता प्राप्त संगठनों के साथ नियमित संवाद, एसीआर अंकन व समयबद्ध पदोन्नति का कड़ाई से पालन किया जाए।
🔔 आंदोलन को व्यापक बनाने का आह्वान
परिषद ने विकासखंड स्तरीय समितियों से अपने-अपने क्षेत्रों में गेट मीटिंग कर जन-जागरूकता अभियान चलाने की अपील की।
इसी क्रम में खंड विकास अधिकारी कार्यालय परिसर, घनसाली में उपेन्द्र बमोला, दीपक थपलियाल एवं श्रीमती सुषमा के संयुक्त नेतृत्व में गेट मीटिंग आयोजित कर आंदोलन को समर्थन दिया गया।
👥 विभागों की सहभागिता
आज की गेट मीटिंग में ग्राम्य विकास, पंचायती राज, वन, सहकारिता, उद्यान, स्वास्थ्य, मातृ एवं शिशु कल्याण, नगर पालिका, जिला पंचायत एवं बाल विकास विभाग सहित विभिन्न संवर्गों के कार्मिकों ने भागीदारी की।
📅 आगे का कार्यक्रम
परिषद द्वारा बसंत पंचमी के पावन अवसर को दृष्टिगत रखते हुए अगली गेट मीटिंग स्थगित रखने का निर्णय सर्वसम्मति से लिया गया।
