जिला कार्यालय सभागार में जिलाधिकारी इवा आशीष श्रीवास्तव की अध्यक्षता में मनरेगा कन्वर्जेंस की प्रगति एवं स्वरोजगार को लेकर एक महत्वपूर्ण समीक्षा बैठक
Connecting migrants returning from home and abroad with self-employment is the first priority: Eva Srivastava
सरहद का साक्षी
नई टिहरी: जिला कार्यालय सभागार में जिलाधिकारी इवा आशीष श्रीवास्तव की अध्यक्षता में मनरेगा कन्वर्जेंस की प्रगति एवं स्वरोजगार को लेकर एक महत्वपूर्ण समीक्षा बैठक संपन्न हुई।
समीक्षा के दौरान जिलाधिकारी ने कहा कोरोना वैश्विक महामारी के कारण देश और विदेश से लौटे प्रवासियों को स्वरोजगार से जोड़ना उनकी पहली प्राथमिकता है, इस हेतु सभी रेखीय विभागो को दायित्वों का शत-प्रतिशत निर्वहन करते हुए पारदर्शिता के साथ कार्यों में गति लाने के निर्देश दिए हैं।
जिलाधिकारी ने कहा कि कोरोना के कारण जनपद में अपने घर वापस लौटे प्रवासियों को स्वरोजगार से जोड़ने में मनरेगा बहुत महत्वपूर्ण है। उन्होंने जिला विकास अधिकारी को निर्देश दिए कि कृषि, उद्यान, पशुपालन, मत्स्य विभागो के अंतर्गत निर्माणाधीन कार्यों/योजनाओं में गति लाने के साथ ही निरंतर समीक्षा करें।
जिला योजना के तहत विभिन्न योजनाओं में मत्स्य विभाग धीमी प्रगति पर जिलाधिकारी ने नाराजगी प्रकट की। कहा कि इस माह के अंत तक योजनाओ/कार्यो में संतोषजनक प्रगत्ति नही दिखने पर अवमुक्त की गई धनराशि को अन्य योजनाओ पर व्यय किया जाएगा।

जनपद में चारा विकास एवं जल संरक्षण एवं श्रोत संवर्द्धन के दृष्टिगत जिलाधिकारी ने मुख्य पशु चिकित्सा अधिकारी को प्रत्येक विकासखण्ड में काम से कम 1-1 हेक्टेयर में वेटीवर नेपियर घांस के पैच विकसित किये जायें। कहा कि वेटीवर नेपियर बंजर भूमि, चीड़ के पेड़ों के बीच मे बहुतायत में उगाई जा सकती है। कहा कि प्रायोगिक तौर पर सफलता के उपरांत और अधिक क्षेत्रफल पर वेटीवर नेपियर घास के पैच विकसित किए जाएंगे। इससे एक ओर जहां चारे की किल्लत दूर होगी वही इस पौष्टिक चारे से पशुपालकों की आय में भी वृद्धि होगी। इस अवसर पर मुख्य पशु चिकित्सा अधिकारी डॉक्टर पीएस रावत ने बताया कि जनपद में स्वरोजगार के तहत 22 मदर पोल्ट्री यूनिट का निर्माण किया जाना है जिसमें से एक का निर्माण कार्य पूरा हो चुका है एवं 12 पर कार्यवाही गतिमान है।
समीक्षा के दौरान महाप्रबंधक उद्योग महेश प्रकाश ने बताया कि मुख्यमंत्री स्वरोजगार योजना के तहत जिला टास्क फोर्स कमेटी द्वारा आप तक 446 आवेदन बैंकों को ऋण स्वीकृति हेतु प्रेषित किये जा चुके है। जिसमे से 138 आवेदन बैंकों द्वारा स्वीकृत, आठ पर ऋण वितरण की कार्रवाई की जा चुकी है। इसके अलावा मनरेगा, सेवायोजन, सहकारिता, डेयरी के अलावा अन्य विभागों ने भी पावर पॉइंट प्रेजेंटेशन के माध्यम से कार्य प्रगति का प्रस्तुतीकरण दिया।
बैठक में मुख्य विकास अधिकारी अभिषेक रुहेला, जिला विकास अधिकारी आनंद भाकुनी, जिला सेवायोजन अधिकारी विक्रम, जिला अर्थ एवं संख्या अधिकारी निर्मल कुमार, लीड बैंक अधिकारी डीएस डुंगरियाल के अलावा अन्य अधिकारी भी उपस्थित थे।
