लच्छीवाला में ‘वन्यजीव सप्ताह 2025’ के समापन सत्र में बोले मंत्री — मानव-वन्यजीव संघर्ष प्रबंधन को लेकर सरकार कर रही ठोस पहल, जनहानि पर मुआवजा बढ़ाकर ₹10 लाख
गजा/देहरादून।
उत्तराखंड के वन मंत्री सुबोध उनियाल ने लच्छीवाला में वन विभाग द्वारा आयोजित ‘वन्यजीव सुरक्षा सप्ताह 2025’ के समापन सत्र को संबोधित किया।
इस अवसर पर उन्होंने कहा कि वन्यजीव पर्यावरण और प्रकृति की अमूल्य धरोहर हैं, और उनका संरक्षण एवं संवर्धन प्रत्येक नागरिक की सामूहिक जिम्मेदारी है।
वन मंत्री ने कहा कि सरकार का प्राथमिक लक्ष्य मानव-वन्यजीव संघर्ष को कम करना है। इसके लिए राज्य में मानव-वन्यजीव संघर्ष प्रबंधन योजना के तहत अनेक ठोस कदम उठाए जा रहे हैं, जिनमें—
- रैपिड रिस्पांस टीमों का गठन,
- सौर ऊर्जा चालित बाड़ों की स्थापना,
- राहत एवं मुआवजा प्रक्रिया को तेज करना, और
- जन-जागरूकता कार्यक्रमों का आयोजन प्रमुख हैं।
उन्होंने बताया कि मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने यह घोषणा की है कि मानव-वन्यजीव संघर्ष में जनहानि होने पर मुआवजा राशि ₹6 लाख से बढ़ाकर ₹10 लाख की जाएगी।
वन मंत्री ने कहा—
“हम किसी भी क्षति या कमी को पूरी तरह तो नहीं भर सकते, लेकिन यह पहल प्रभावित परिवारों के लिए राहत का माध्यम अवश्य बनेगी।”
कार्यक्रम के दौरान वन्यजीवों के रेस्क्यू कार्यों में योगदान देने वाले वन विभाग के कर्मचारियों को सम्मानित किया गया। इस अवसर पर विधायक बजभूषण गैरोला, वन विभाग के वरिष्ठ अधिकारी और गणमान्य व्यक्ति उपस्थित रहे।
